देश का सबसे बड़ा खुलासा? GDP गिर रही, अपराध छिप रहे, ₹1.2 लाख करोड़ साइबर फ्रॉड में गायब!
🌐 ढहता आर्थिक मोर्चा, कागजी 'क्राइम ड्रॉप' और ₹1.2 लाख करोड़ का साइबर ड्रेन: व्यवस्था से 4 तीखे सवाल लेखक: टीम 'Changing The Face Of Journalism' | दिनांक: 1 जून, 2026 | श्रेणी: आर्थिक अपराध, देश की हकीकत, खोजी पत्रकारिता एक सच्चे पत्रकार का काम एक ही होता है—सतह पर तैर रहे झूठ को चीरकर, आंकड़ों की जिरह (Cross-examination) करना और सच को कटघरे में खड़ा करना। 1 जून 2026 को जब देश के सामने नए आर्थिक और सामाजिक आंकड़े रखे गए, तो सरकार की पीआर एजेंसियों ने इसे 'महान विकास' और 'सुरक्षित समाज' का नाम दिया। लेकिन जब हम साक्ष्यों (Evidence) और आंकड़ों की गहराई में उतरते हैं, तो एक खौफनाक तस्वीर सामने आती है। हमारी जीडीपी सुस्त हो रही है, सड़कों पर होने वाले अपराधों को कागजों पर गायब किया जा रहा है, और देश के आम आदमी की गाढ़ी कमाई का ₹1.2 लाख करोड़ डिजिटल चोरों के जरिए देश से बाहर भेजा जा रहा है। 'Changing The Face Of Journalism' के इस विशेष खोजी अंक में, हम एक की तरह इस पूरी व्यवस्था (System) का एक्स-रे कर रहे हैं और सीधे सवाल दाग रहे हैं: 📉 कड़ी 1:...